भारत की जनगणना विश्व का सबसे बड़ा प्रशासनिक कार्य हैप् भारत में जनांकिकीय व आर्थिक आकड़ों का ग्राम एवं वार्ड स्तर पर उपलब्ध कराने का एकमात्र स्रोत हैस आगामी जनगणना 2027 पूर्व की जनगणनाओं की भांति इस बार भी 2 चरण में संपादित की जाएगी, जिसके लिए जनगणना अधिनियम, 1948 की धारा 3 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए भारत सरकार द्वारा राजपत्र में अधिसूचना 16 जून 2025 जारी की जा चुकी हैं। इसी क्रम में मध्यप्रदेश राज्य में जनगणना 2027 के प्रथम चरण का कार्य 1 मई से 30 मई 2027 तक पूर्ण किया जायेगा, जिसकी अधिसूचना मध्यप्रदेश शासन द्वारा राजपत्र में जारी की जा चुकी हैंस
प्रथम चरण में मकान सूचीकरण का कार्य किया जायेगा। इसमें मकानों की स्थिति, सुविधाओं एवं परिसंपत्तियों का विवरण प्रगणकों द्वारा घर-घर जाकर एकत्रित किया जायेगा द्वितीय चरण में जनसंख्या की गणना का कार्य फरवरी, 2027 में कराया जाएगा। जनसंख्या की गणना के दौरान प्रत्येक व्यक्ति की गणना की जाएगी। साथ ही, व्यक्तियों के सम्बन्ध में अन्य विभिन्न बिन्दुओं जैसे-आयु, लिंग, वैवाहिक स्थिति, धर्म, दिव्यांगता, मातृभाषा, साक्षरता, शैक्षणिक योग्यता, आर्थिक क्रियाकलाप, प्रवास, प्रजननता विवरण इत्यादि पर जानकारी एकत्रित की जाएगी।
