रतलाम। श्री श्रीमाली ब्राह्मण समाज प्रबंधकारिणी समिति रतलाम के तत्वावधान में समाज का परंपरागत ढूंढ उत्सव अत्यंत हर्षोल्लास, श्रद्धा और सांस्कृतिक गरिमा के साथ मनाया गया। उत्सव के दौरान समाज की एकता, आपसी भाईचारा और सामूहिक सहभागिता की मनोहारी झलक हर ओर देखने को मिली।
महालक्ष्मी माता की कृपा से परंपरा का निर्वाह पूरी श्रद्धा एवं आनंद के साथ सानंद संपन्न हुआ। कार्यक्रम में समाज के सभी वर्गों—महिला मंडल, युवा मंच, प्रबंधकारिणी समिति की सक्रिय सहभागिता रही। बड़ी संख्या में उपस्थित समाज बंधुओं एवं भगिनियों ने उत्सव को सफल बनाया।
ढूंढ उत्सव की विशेष परंपरा के अंतर्गत नवजात बच्चों को ढूंढ मंत्र — “हरिया हरिया देवी, हरिया विच्चै तूर तरंगा” — से मंत्रित किया गया। इस पावन विधि के माध्यम से मातृशक्ति से नवजातों के अला-बला, नकारात्मक प्रभावों एवं बाधाओं से वंचित रहने का वचन और आशीर्वाद मांगा गया। इस अनुष्ठान ने उपस्थित जनसमुदाय को भावविभोर कर दिया और परंपरा की गहराई को सजीव रूप में प्रस्तुत किया।
उत्सव के दौरान पारंपरिक रीति-रिवाजों का विधिवत पालन, अनुशासित आयोजन और सहभागियों का उत्साह कार्यक्रम की सफलता के प्रमुख आधार रहे। प्रबंधकारिणी समिति ने आयोजन की सफलता का श्रेय समाज के समस्त सहयोगी सदस्यों, महिला मंडल, युवा मंच तथा उपस्थित सभी समाजजनों को देते हुए आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी इसी प्रकार एकजुट होकर सामाजिक-सांस्कृतिक परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प दोहराया।
समाज के अध्यक्ष नयन व्यास,सचिव कुलदीप त्रिवेदी,का.उपाध्यक्ष प्रीति व्यास, कार्यकारिणी सदस्य उपेंद्र ओझा,मयंक दवे,अखिलेश व्यास, अखिलेश शर्मा, पुष्पा व्यास, अभिलाषा त्रिवेदी, महिला मंडल अध्यक्ष रजनी व्यास,सचिव हंसा व्यास, युवा मंच अध्यक्ष सिद्धार्थ जोशी, अन्य समितियों के सदस्य व बड़ी संख्या मे समाज जन उपस्थित रहे तथा उक्त जानकारी समाज अध्यक्ष नयन व्यास ने दी।

